The Changing Nature of Holi – A Symbol of Joy in Life

होली का बदलता स्वरूप – जीवन में रस का प्रतीक होली का उत्सव फाल्गुन मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है जो फरवरी और मार्च के महीने में पड़ती है। पहले दिन होलिका दहन किया जाता है जिसमें अग्नि प्रज्वलित की जाती है। होलिका दहन के अगले दिन रंग, गुलाल …

Read More »

हरित क्रांति – खाद्यान्न कमी से अधिशेषता की ओर

डा. के.एल. दहिया उपमण्डल अधिकारी (सेवानिवृत), पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा विश्वभर में खाद्यान्न की कमी सदियों से समाज के लिए अज्ञात नहीं रही है। इस कमी का सबसे चरम रूप, अकाल, भी समाजों द्वारा अलग-अलग स्तरों पर अनुभव किया जाता रहा है। कुछ उल्लेखनीय उदाहरण ‘436 ईसा पूर्व से …

Read More »

जूफार्माकोग्नॉसी: एथनोवेटरीनरी चिकित्सा का आधार

जसवीर सिंह पंवार1 एवं के.एल. दहिया2 1उपमण्डल अधिकारी, 2पशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा सारांश: आमतौर पर आप बहुत बार सुनते हैं कि जीवन एक विद्यार्थी है अर्थात जीवन में हम सतत् किसी-न-किसी से कुछ सीखते रहते हैं और ज्ञान किसी से भी लिया जा सकता है, फिर चाहे …

Read More »

[Hindi] Animals Transmitting the Diseases To Humans – Chandipura Viral Encephalitis

के.एल. दहिया पशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा चांदीपुर विषाणु मस्तिष्कशोथ (Chandipura Encephalitis) संधिपाद-जनित (Arthropod-borne), तेजी से प्रगति करने वाले इन्फलूएंजा जैसी अस्वस्थता और तीव्र मस्तिष्कशोथ का कारण बनता, जो आमतौर पर मेजबान मनुष्य की मूर्छा (Coma) और मृत्यु का कारण बनता है। संक्रमित व्यक्ति की त्वचा पर फफोले …

Read More »

[Hindi] Animals Transmitting the Diseases To Humans – Eryseplas

के.एल. दहिया पशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा email: drkldahiya@hotmail.com ऐरिसिपेलस (Erysipelas ) अर्थात विसर्प व्यापक स्तर पर पायी जाने वाली आर्थिक महत्व की मृतोजीवी प्राणीरूजीय (Saprozoonotic) बीमारी है जो संभावित रूप से सभी कशेरुकी प्रजातियों में होती है और अक्सर मनुष्यों में संक्रमित जानवरों के मल, लार या …

Read More »

[Hindi] Prion Diseases of Humans and Animals

के.एल. दहियापशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा;email: drkldahiya@hotmail.com मनुष्यों और जानवरों दोनों को प्रभावित करने वाली प्रोसंक/प्रिओन (Prion) बीमारियाँ संक्रमणीय प्रोटीनयुक्त संक्रामक कणों (Proteinaceous Infectious particles) के कारण तंत्रिका तंत्र के अपक्षयी (Neurodenerative) विकारों का एक दुर्लभ समूह है। प्रारंभ में प्रोसंक रोगों को वायरस संक्रमण माना जाता था इसलिए …

Read More »

[Hindi] Salmonellosis

साल्मोनेलोसिस डा. के.एल. दहियापशु चिकित्सकपशुपालन एवं डेरी विभाग, हरियाणा साल्मोनेलोसिस सर्वाधिक व्याप्त खाद्य जनित प्राणीरूजा संक्रमण है। यह एक जीवाणुजनित रोग है, जो साल्मोनेला नामक जीवाणुओं की कई प्रजातियों से होता है। ये सभी जीवाणु सामान्यतयः सभी पालतु पशुओं, वन्य जीवों और सर्रीसृपों में पाया जाता है लेकिन इनमें सालमोनेला …

Read More »

लम्पी स्किन डिजीज (गोजातीय पशुओं में गांठदार चमड़ी रोग)

के.एल. दहिया1 एवं यशवन्त सिंह2 1पशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा; email: drkldahiya@hotmail.com2प्राध्यापक एवं प्रभारी, पशुधन फार्म परिसर/पशुधन उत्पादन प्रबंधन विभाग, पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय, रामपुरा फूल, बठिंडा, (पंजाब)। email: ysinghvet@gmail.com लम्पी स्किन डिजीज (एलएसडी) गौजातीय पशुओं में चमड़ी का रोग है जो लम्पी स्किन डिजीज वायरस के कारण …

Read More »

बोरोन – महत्वपूर्ण आहारीय सूक्ष्म खनिज तत्व

के.एल. दहिया1, यशवन्त सिंह2 एवं शुभम नरवाल3 1पशु चिकित्सक, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, हरियाणा; email: drkldahiya@hotmail.com 2प्राध्यापक एवं प्रभारी, पशुधन फार्म परिसर/पशुधन उत्पादन प्रबंधन विभाग, पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय, रामपुरा फूल, बठिंडा, (पंजाब)। email: ysinghvet@gmail.com 3विद्यार्थी, बी.वी.एससी. एण्ड ए.एच., भा.कृ.अनु.प.-भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान, इज्जतनगर (उत्तर प्रदेश) बोरोन धातु के …

Read More »

बच्चों को दूध पिलाने वाले स्तनपायी जीवों के कुछ रोचक तथ्य

नीली व्हेलसंतान 50% वसा वाला दूध पीने से प्रतिदिन लगभग 220 पाउंड प्राप्त करती हैग्रे कंगारूबड़ी और छोटी संतानों के लिए एक ही समय में दो अलग-अलग प्रकार का दूध बनाता हैभूरा भालूसंतान का जन्म और पालन-पोषण हाइबरनेशन के दौरान होता हैहोल्स्टीन फ्रिज़ियन गायएक दिन में 22-26 लीटर दूध बनाता …

Read More »